क्या हुआ: हौज काजी के गली सितारा में गिरी निर्माणाधीन इमारत के मलबे से दो और शव मिले; मौतों की संख्या 4
कब: इमारत गुरुवार 5 नवंबर सुबह ~9:30 बजे गिरी; शव शनिवार 7 नवंबर को निकाले गए
कहां: चावड़ी बाजार मेट्रो स्टेशन के पास, हौज काजी, पुरानी दिल्ली
आपके लिए मतलब: बिना मंजूरी नक्शे के निर्माण पर फिर सवाल; पड़ोसी इमारतें भी खाली कराई गईं
क्या करें: आसपास अवैध/कमजोर निर्माण दिखे तो MCD ऐप या थाने में शिकायत करें; इलाके में जाने से पहले ट्रैफिक अपडेट देखें
पुरानी दिल्ली के चावड़ी बाजार में गुरुवार को गिरी इमारत का दर्द और गहरा हो गया है। शनिवार तड़के मलबे से 40 साल के एक मजदूर का शव निकाला गया और दिन में एक और शव बरामद हुआ। इसके साथ मौतों की संख्या 4 पहुंच गई है। मध्य जिले के डीसीपी रोहित राजबीर सिंह ने बताया कि एक मृतक की पहचान बिहार के खगड़िया जिले के हनुमान नगर गांव निवासी पंकज शर्मा के रूप में हुई है; दूसरे की पहचान अभी नहीं हो पाई।
Hindustan Times के मुताबिक अब तक मलबे से छह लोगों को निकाला गया है—चार की मौत हो चुकी है और दो घायल मजदूरों की हालत स्थिर है। The Hindu के अनुसार शव को एंबुलेंस से LNJP अस्पताल भेजा गया। रिपोर्ट लिखे जाने तक राहत कार्य जारी था।
चेतावनी के बाद भी डलवाया गया लेंटर
तीन मंजिला इमारत गली सितारा में बन रही थी और गुरुवार सुबह करीब 9:30 बजे दो हिस्सों में भरभरा कर गिरी। मलबे से बचकर निकले एक मजदूर ने FIR में कहा कि उन्होंने ठेकेदारों को बताया था कि पिछला लेंटर सूखा नहीं है और उस पर नया लेंटर नहीं डाला जा सकता, लेकिन “खर्च बढ़ जाएगा” कहकर काम जारी रखवाया गया। पुलिस ने शुक्रवार तड़के तीन ठेकेदारों को फरीदाबाद के एक गांव से गिरफ्तार किया। FIR भारतीय न्याय संहिता की धारा 105 (गैर-इरादतन हत्या), 290 और 125(a) समेत धाराओं में दर्ज है।
MCD पर भी सवाल
HT की रिपोर्ट बताती है कि हौज काजी थाने के SHO ने 15 जून को ही MCD के सिटी एसपी जोन को इस प्लॉट पर नए निर्माण की चिट्ठी भेजी थी। MCD का कहना था कि मालिक अप्रैल में दी गई मरम्मत सलाह के तहत काम करा रहा है। बाद में निगम की अपनी जांच में सामने आया कि मरम्मत की आड़ में दूसरी और तीसरी मंजिल पर बिना मंजूरी नया निर्माण हुआ। इमारत का कोई स्वीकृत नक्शा नहीं था। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पहले ही संबंधित जूनियर इंजीनियर और असिस्टेंट इंजीनियर को निलंबित करने, विस्तृत जांच और मृतकों के परिवारों को अनुग्रह राशि देने के आदेश दे चुकी हैं।
तंग गलियों ने राहत रोकी
वॉल्ड सिटी की गलियां इतनी संकरी हैं कि JCB मौके तक नहीं पहुंच सकी। दमकल, NDRF और पुलिस की टीमें ज्यादातर हाथ से मलबा हटा रही हैं। बगल की एक इमारत को भी खतरनाक मानकर लोगों को बाहर निकाला गया है। पुरानी दिल्ली ही नहीं, यमुनापार के कई इलाकों में भी छोटे प्लॉट पर मंजिल-दर-मंजिल निर्माण आम है—यह हादसा बताता है कि एक कमजोर लेंटर कितनी जानें ले सकता है।
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स्रोत
- Hindustan Times — toll rises to 4
- The Hindu — another body retrieved
- Business Standard — toll rises to 4
By SunoHub News





